मेथिल ऐल्कोहॉल: कार्बन मोनोऑक्साइड और हाइड्रोजन के संश्लेषण से प्राप्त मेथेन से या प्रोपेन अथवा ब्यूटेन के ऑक्सीकरण से बनाया गया रंगहीन द्रव। इसका उपयोग प्रशीतनरोधी और विलायक के रूप में तथा फार्मेल्डिहाइड, डाइएथिलऐमीन और डाइएथिल ऐनिलीन के निर्माण में होता है।
Methyl chloride [chloromethane]
मेथिल क्लोराइड: सीधे मेथेन के क्लोरीनन द्वारा सल्फ्यूरिक अम्ल की अपस्थिति में मेधिल ऐल्कोहॉल और हाइड्रोक्लोरिक अम्ल की अभिक्रिया द्वारा बनाई गई रंगहीन गैस। इसका उपयोग प्रशीतक, मेथिल कर्मक, निष्कर्षक तथा विलायक के रूप में होता है।
Methyl ethyl carbinol
मेथिल एथिल कार्बिनॉल: देखिए-butyl alcohol
Methylene chloride
मेथिलीन क्लोराइड: क्लोरीन के साथ मेथेन की अभिक्रिया द्वारा या मेथिल क्लोराइड के क्लोरीनन से प्राप्त रंगहीन द्रव। इसका उपयोग ऐरोसॉल घटक और रासायनिक मध्यवर्ती के रूप में होता है।
Methyl ethyl ketone (mek)
मेथिल एथिल कीटोन: द्वितीयक ब्यूटिल ऐल्कोहॉल के विहाइड्रोजनन से या कार्बन मोनोऑक्साइड और हाइड्रोजन से फिशर-ट्राप्स प्रक्रम द्वारा बनाया गया रंगहीन द्रव। इसका उपयोग विलायक और रासायनिक मध्यवर्ती के रूप में तथा लैकर, सेलुलॉयड और वार्निश पृथक्कारी के निर्माण में होता है।
Methyl mercapton
मेथिल मर्केप्टन: हाइड्रोजन सल्फाइड और मेथिल ऐल्कोहॉल की अभिक्रिया द्वारा बनाई गई या पेट्रोलियम नैफ्था से निकाली गई रंगहीन गैस। इसका उपयोग मेथिलोनॉइन के संश्लेषण में तथा प्लास्टिकों जेट ईंधन योज्यों और कवकनाशी के निर्माण में होता है।
Methyl styrene
मेथिल स्टाइरीन: प्रोपिलीन और बैन्जीन के ऐल्किलन से बने क्यूमीन के निर्जलन से प्राप्त रंगहीन द्रव। इसका उपयोग प्लास्टिकों संश्लेषित रबड़ और अन्य उच्च बहुलकों को बनाने में एकलक के रूप में होता है।
Microcrystalline wax
सूक्ष्म/क्रिस्टली मोम: विभिन्न पेट्रोलियम अवशेषों से निकाला गया मोम जो पैराफिन मोम से अधिक स्वच्छ, सूक्ष्म और स्पष्ट क्रिस्टली रचना वाला होता है। इसका गलनांक पैराफिन मोम से अधिक होता है।
Microlater log
सूक्ष्म पार्श्व संलेख: देखिए-logging के अंतर्गत
Micro log
सूक्ष्म संलेख, माइक्रोलॉग: देखिए-logging के अंतर्गत।