बौद्धिक सामर्थ्य को मापने के लिए एक अशाब्दिक परीक्षण जिसमें ज्यामितीय प्रतिरूपों का उपयोग किया जाता है। इसके दो प्रकार होते हैं एक ग्यारह वर्ष से कम के बालकों के लिए 'रंगीन परीक्षण' और दूसरा इससे ऊपर की आयुवालों के लिए 'उन्नत परीक्षण'।
Readiness
तत्परता
सीखनेवाले के परिपक्वता स्तर, गत अनुभव तथा मानसिक और संवेगात्मक विन्यास के आधार पर दिए हुए क्रिया-कलाप को सीख सकने की योग्यता और रूचि।
Reading game
पठन-क्रीड़ा
भाषा संबंधी ऐसे रूचिकर खेल जो बालक की पठन योग्यता का विकास करते हैं जैसे वाचन प्रतियोगिता, अंताक्षरी आदि।
Reading level
पठन स्तर
सामान्यतः श्रेणी अथवा विकासात्मक अवस्था के अनुकूल बालक का उपलब्धि स्तर जैसे-पठन तत्परता स्तर, प्रथम श्रेणी स्तर आदि।
Re-adjustment
पुनः समायोजन
पूर्व मान्यताओं, धारणाओं, स्थापित तथ्यों तथा सिद्धांतों का पुनर्मूल्यांकन करके अपने विचारों, मान्यताओं और अपने व्यवहार में संगत परिवर्तन कर लेना।
Reception model
अभिग्रहण प्रतिरूप
संप्रत्यय प्राप्ति का अभिग्रहणोन्मुखी प्रतिरूप जिसमें छात्रों की संप्रत्यय प्राप्ति में मुख्य भूमिका अध्यापक की होती है। वह संप्रत्ययों का चयन करता है तथा सकारात्मक और नकारात्मक उदाहरणों को चुनकर संगठित और क्रमबद्ध करता है। तत्पश्चात् वह संप्रत्यय प्राप्ति का रिकार्ड रखता है, विद्यार्थियों का अनुबोधन करता है तथा अतिरिक्त दत्त सामग्री प्राप्त करता है और आवश्यकता पड़ने पर संप्रत्यय को स्पष्ट करने के लिए अतिरिक्त उदाहरण प्रस्तुत करता है।
Recurrent education
आवर्ती शिक्षा
एक संकल्पना जो इस धारणा पर आधारित है कि व्यक्ति आजीवन शिक्षा प्राप्त करता है। इसमें अध्ययन की अवधि और कार्य विकल्प रूप में रहते हैं। यह औपचारिक शिक्षा का अनुवर्ती कार्यक्रम है।
Recurrent education bank
आवर्ती शिक्षा बैंक
जीवनव्यापी शिक्षा की एक संकल्पना जो इस धारणा पर आधारित है कि व्यक्ति की आजीवन शिक्षा बैंक में स्थाई रूप से जमा संग्रह कोष के समान है जिसमें अध्ययन की अवधि और कार्य विकल्प रूप में रहते हैं जिसका व्यक्ति जब चाहे उपयोग कर सकता है।
Referral
1. रेफरल, अभिदेशक (संज्ञा)
2. अभिदेशन (क्रिया)
1. एक छात्र जो सहायता तथा अभ्यास के लिए किसी व्यक्ति अथवा संस्था के पास भेजा जाता है।
2. किसी छात्र को अध्ययन तथा सहायता के लिए किसी व्यक्ति अथवा संस्था में भेजा जाना।
Reflection level learning
अनुचिंतन-स्तर अधिगम
एक प्रकार का सीखना जिसमें किसी विचार अथवा ज्ञान के अनुमित नियम का किन्हीं आनुभाविक अथवा परीक्षणीय साक्ष्य के संदर्भ में सुविचारित तथा विवेचनात्मक परीक्षण किया जाता है। यह संज्ञानात्मक क्षेत्र मनोविज्ञान के अनुप्रयोग पर आधारित है जिसके अनुसार प्रयोगात्मक विधि के द्वारा नई अंतरदृष्टियां अथवा समझ प्राप्त होती हैं अथवा पूर्वज्ञान में परिवर्तन होता है।