द्विस्तरण
वंग-प्लेट के उत्पादन में प्रयुक्त एक विधि इसमें आरंभिक छड़ को चादरी मिल में कई बार तप्त बेल्लित करने के बाद चादर को दोहरा कर फिर गरम किया जाता है और दोहरी की गई चादर को फिर तप्त बेल्लित किया जाता है। प्रत्येक बार चादर को दोहरा कर बेल्लित करने की क्रिया तब तक दोहराई जाती है जब तक चादर की मोटाई वांछित स्तर तक कम न हो जाए।
Dow metal
डो धातु
कई प्रकार के बहुत हल्के मैग्नीशियम मूलक मिश्रातु जिनमें 3--12% ऐलुमिनियम होता है। इनमें मैंगनीज, सिलिकन और यशद की अल्प मात्राएँ भी रहती हैं। इनका उपयोग रूपदा संचकन में होता हैं।
Dow process
डो प्रक्रम
मैग्नीशियम के उत्पादन का एक प्रक्रम जिसमें पिघले हुए मैग्नीशियम क्लोराइड का विद्युत अपघटन किया जाता है।
Draft
लघ्वन, ड्राफ्ट
1. रूपदा से फोर्जन के निष्कासन को आसान बनाने के लिए रूपदा के मुद्रांकों की पार्श्व भित्तियों में टेपर की मात्रा।
2. किसी पैटर्न के पार्श्वों में दिए गए टेपर ताकि उसे साँचे से सुगमतापूर्वक पृथक किया जा सके।
3. छड़-बेल्लन में छड़ के अनुप्रस्थ क्षेत्रफल और जिस पारण में से वह गुजरता है उसके अनुप्रस्थ क्षेत्रफल में अंतर, जो प्रविष्ट होने वाली छड़ के प्रतिशत में व्यक्त किया जाता है।
4. तार-कर्षण में तार को रूपदा में से निकालते समय उसके क्षेत्रफल में होने वाली कमी।
5. अतप्त कर्षण के समय नली की दीवारों की मोटाई में होने वाली कमी।
देखिए-- Draught भी
Drag
अधः संच
किसी ढलाई साँचे का निचला भाग।
तुलना-- Cope
Draught
प्रवात
भट्टी में हवा को प्रविष्ट कर उसका दहन करना और बाद में पूरी भट्टी में गैसों का प्रवाहित होना। भट्टी में वायु का प्रवेश निम्नलिखित विधियों द्वारा किया जा सकता है।
संतुलित प्रवात (Balanced draught)-- इसमें हवा को पंखे द्वारा बलपूर्वक प्रविष्ट किया जाता है और दहन उत्पादों को दूसरे पंखे द्वारा अथवा चिमनी द्वारा निकाल लिया जाता है ताकि ईंधन-संस्तर के ऊपर दहन-स्थान पर लगभग सामान्य वायुमंडलीय दाब रहे।
प्रणोदित प्रवात (Forced draught)-- इसमें हवा को पंखे की सहायता से बलपूर्वक प्रविष्ट किया जाता है। पंखे को वायु के प्रवेश-द्वार पर रखा जाता है। दाब के कारण गैसें ईंधन-संस्तर से होते हुए प्रवाहित होती हैं। प्रवात द्वारा गैसों को चिमनी से बाहर निकाल दिया जाता है।
प्रेरित प्रवात (Induced draught) -- इसमें चिमनी के पैंदे पर रखे पंखे की सहायता से हवा को खींचा जाता है।
प्राकृतिक प्रवात (Natural draught)-- बाहरी मदद के बिना स्वाभाविक रूप से प्रविष्ट होने वाला प्रवात।
Drawing
कर्षण
(क) अतप्त अवस्था में धातु की छड़ों के तार या नलिकाएँ बनाना। इसके लिए छड़ को इस्पात की प्लेटों में बने छोटे रूपदाओं में से गुजारा जाता है जिनका व्यास क्रमशः कम होता जाता है।
(ख) संचकों के पिंडन में अनुपयुक्त डिजाइन, अपर्याप्त भरण, अत्यल्प संचन-ताप आदि के कारण संकुचन गर्तों का बनना।
(ग) फोर्जन द्वारा अनुदैर्ध्य दिशा में लंबाई बढ़ाना।
(घ) खोखले फोर्जन में फोर्जन-दाब के प्रभाव द्वारा मैन्ड्रेल का प्रयोग करके फोर्जन की लंबाई बढ़ाने की क्रिया ताकि दीवाल की उपयुक्त मोटाई प्राप्त हो सके।
Dressing
प्रसाधन
(क) अपचयन से पहले अयस्क सांद्रों में उपस्थित अपद्रव्यों को पृथक करना।
(ख) साँचे पर अथवा क्रोड पर पेन्ट किया गया विलयन अथवा द्रव जो द्रव-धातु से क्रिया नहीं करता और संचकों पर चिकनी और साफ पर्त उत्पन्न करने में मदद करता है।
(ग) अवपातन से पहले शिलिका-संचक के पृष्ठ को तैयार करना।
(घ) घिसे बेलन के पृष्ठ का पुनः मशीनन करना।
Drop
पातन
देखिए-- Casting defect के अंतर्गत
Drop forging
पाती फोर्जन
पाती घन द्वारा उत्पन्न फोर्जन। इसमें घन को अपने भार के कारण ही गिरने दिया जाता है जिसमे रूपदाओं में गरम धातु की आकृति बन जाती है। रूपदा का आधा भाग निहाई (Anvil) पर स्थिर रहता है और दूसरा आधा घन में होता है। यह प्रक्रम वस्तुतः अभिरूपण प्रक्रम है जिसमें धातु अत्यंत उच्च-ताप पर सुघट्य अवस्था में रहती है।