ततवाद्यों में तबली के ऊपर लगी हुई लकड़ी, सींग, हाथी दांत, हड्डी या धातु की टेक जिस पर बजने वाली तंत्रियाँ स्थित रहती हैं। घुड़च के निकट ही तंत्रियों पर घर्षण या प्रहार द्वारा वाद्य बजाया जाता है और उसी के द्वारा तंत्रियों की गुंजनपरकता में अभिवृद्धि होती है।
Bridge passage
संयोजक-अंश
किसी संगीत रचना के अलग अलग आधार वाले दो पाठों को कलात्मक ढंग से जोड़ने वाला संगीत का टुकड़ा जो उस रचना के दौरान आधार स्वर को बदलने की प्रक्रिया को सरल बना देता है।
Bugle
बिगुल
किसी एक ही स्वर अथवा विशिष्ट सुस्वर समूह में बजने वाली छोटी तुरही जो प्रायः सेना में व्यवहृत होती है।