किसी क्षेत्र, विषय अथवा समस्या से सम्बन्धित आधारभूत तथ्यों के संकलन के लिये किया गया अध्ययन। इसका उद्देश्य समस्या का निरूपण तथा परिकल्पना के निर्माण केलिए आधिर तैयार करना होता है।
Extramural employment
काराबाह्य रोजगार
केदियों को कारागार से बाहर सड़क बनाने या अन्य निर्माण कार्य पर लगाना।
Extramural function
बाहरी कार्य
मजदूर संघों की वे कार्यवाहियां जिनके अन्तर्गत संघ के सदस्यों को कठिनाई के समय आवश्यक सहायता प्रदान की जाती है। शिक्षा, मनोरंजन तथा आवास संबंधी सुविधाएं प्रदान करने के कार्य भी इसी श्रेणी में आते है।
Extraversion
बहिर्मुखता
किसी व्यक्ति की अभिरुचियों और शक्तियों की मुख्यरूप से अपने से अलग बाह्य या वस्तुपरक पदार्थों और सामाजिक गतिविधियों की ओर ही उन्मुख रहने की प्रवृत्ति।
Extravert
बहिर्मुखी
वह व्यक्ति जो मिलनसार, हर काम में रुचि लेने वाला, दूसरों से जल्दी प्रभावित होने वाला, परम्परा का आदर करने वाला, अपने उद्देश्यों और कर्मों के प्रति कम सजग रहने वाला और ज्यादा बातचीत पसन्द करने वाला हो।
Extravert personality
बहिर्मुखी व्यक्तित्व
देo extraversion.
Factor
घटक, कारक, उपादान
(1) सरल एवं अविभाज्य मानसिक अथवा व्यावहारिक गुण या परिवर्त (चर)।
(2) कोई स्थिति, शक्ति, गुण अथवा वस्तु जो अन्य चरों के सहयोग से विशेष प्रभाव उत्पन्न करती है।
Fad
मनोलहरी, रौ
(1) असंतुलित अथवा अनावश्यक उत्साह के साथ व्यक्ति का किसी ऐसे कार्य में प्रवृत्त होना जिसका उसके आर्थिक अथवा प्रमुख हितों से कोई प्रत्यक्ष संबंध न हो।
(2) व्यापक प्रचार अथवा विज्ञापन के परिणामस्वरूप जनसामान्य द्वारा किसी नई वस्तु को अस्थायी तौर पर अपना लेना।
Fair wage
उचित मजदूरी, उचित वेतन
(1) समान कार्य के लिए समान वेतन के सिद्धांत पर आधारित मजदूरी सामान्यतः यह मजदूरी न्यूनतम वेतन से अधिक और जीवन-निर्वाह वेतन से कम होती है।
(2) ब्रिटेन और कनाडा में इसका प्रयोग उस मजदूरी अथवा वेतन के लिए किया जाता है जो सरकारी नीति के अनुसार सरकारी अनुबंधों को पूरा करने के कार्य में लगे हुए कर्मचारियों को मिलना चाहिए।
Family case work
परिवार केस अध्ययन, कुटुंब केस अध्ययन
वैयक्तिक सेवा कार्य का एक प्रकार जिसके अन्तर्गत किसी पारिवारिक सेवा अभिकरण के द्वारा किसी परिवार अथवा उसके किसी सदस्य को सेवार्थी के रूप में सहायता दी जाती है। इसके अन्तर्गत न केवल परिवार के सदस्यों में सौहार्दपूर्ण अन्तर्वैयक्तिक सम्बन्ध स्थापित करने का प्रयास किया जाता है वरन् उन्हें उनकी क्षीण क्षमताओं को पुनर्जाग्रत करे, कार्य वैकल्प का निरोध कर और योग्यताओं का अधिकतम विकास कर व्यक्तिगत दृष्टि से संतोषप्रद एवं सामाजिक दृष्टि से उपयोगी जीवनयापन करने के लिए समर्थ बनाया जाता है।